पदभार छोडऩे के बाद भी शिक्षा बोर्ड के निवर्तमान चेयरमैन का सरकारी गाड़ी और गनमैन से नहीं छूट रहा मोह

जनता तो पूछेगी, संवाददाता।भिवानी : हरियाणा स्कूल शिक्षा बोर्ड के निवर्तमान चेयरमैन पवन शर्मा केे कारनामें इन दिनों चर्चा के विषय बने हुए हैं। बताना होगा कि निदेशक विद्यालय शिक्षा विभाग हरियाणा के पत्र 16 दिसम्बर 2025 के आदेश अनुसार पवन शर्मा की शिक्षा बोर्ड के चेयरमैन के रूप में प्रतिनियुक्ति की गई थी। यह प्रतिनियुक्ति 31 जनवरी 2026 तक के लिए थी। उन्होने उन्होने विभागीय पत्र की अनुपालना करते हुए 31 जनवरी 2026 को अपना पदभार छोड़ दिया था। परन्तु चेयरमैन के रूप में मिलने वाली सुविधाओं का वो लाभ उठा रहे हैं। निवर्तमान शिक्षा बोर्ड के चेयरमैन पवन शर्मा शिक्षा बोर्ड की सरकारी गाड़ी और गनमैन को साथ लेकर मजे से घूम रहे हैं। इन दिनों वे अपनेे पद की अवधि बढ़वाने के लिए सरकारी गाड़ी और गनमैन के साथ चंडीगढ़ के चक्कर लगा रहे हैं। जबकि गाड़ी का पेट्रोल का खर्च भी शिक्षा बोर्ड उठा रहा है। पता चला है कि शिक्षा बोर्ड का चेयरमैन पद की अवधि बढ़ाने के लिए उन्होने मुख्यमंत्री से भी मुलाकात की है। जैसा कि पता चला है कि मुख्यमंत्री को पवन शर्मा के बारे में अवगत करवा यिा गया है। सूत्र बताते हैं कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को इनके बारे में प्रधानमंत्री को लिखे गए पत्र के बारे में भी जानकारी दी गई है। नारनौल के सैनी मौहल्ला निवासी साहिल कुमार द्वारा प्रधानमंत्री को भेजे गए पत्र में पवन कुमार के बारे में बड़े चौंकाने वाले खुलासे किए गए हैं। पत्र में कहा गया है कि पवन कुमार राजस्थान की एक ऐसी यूनिवर्सिटी के निदेशक हैं, जो जाली डिग्री देने में बदनाम है। शर्मा इस यूनिवर्सिटी के निदेेशक हैं और इसमें जांच का सामना कर रहे हैं। पत्र में कहा गया है कि सरकार को गुमराह करके पवन शर्मा को शिक्षा बोर्ड का चेयरमैन बनवाया गया है। मिली जानकारी के अनुसार इस मुद्दे पर पवन शर्मा की जांच भी हो सकती है। दूसरी ओर मिली जानकारी के अनुसार मुख्यमंत्री कार्यालय से 6 फरवरी 2026 को एक पत्र जारी हुआ है। बताया गया है कि पत्र में कहा गया है कि आगामी आदेशों तक पवन शर्मा केयर टेकर चेयरमैन बने रहेंगे और अपना काम करते रहेंगे। लेकिन ऐसा कोई पत्र बोर्ड में नहीं पहुंचा है। बताया गया है कि अगर कोई पत्र जारी होता तो वो बोर्ड सचिव और बोर्ड की अधिकारिक मेल पर आता होता। साथ ही पवन शर्मा ने एक स्पष्टीकरण जारी कर कहा है कि उनके पास बोर्ड चेयरमैन पद का अतिरिक्त कार्यभार है। उनको 6 फरवरी को 28 फरवरी तक अतिरिक्त चार्ज दिया गया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!